रायगढ़, 03 नवंबर 2026। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में गौवंश तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन शंखनाद के तहत लैलूंगा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने ओडिशा के बूचड़खाने की ओर ले जाए जा रहे 6 गौवंश को तस्करी से मुक्त कराया है। मामले में एक युवक को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार, एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में जिले के सीमावर्ती इलाकों में गौवंश तस्करी रोकने के लिए विशेष निगरानी रखी जा रही है। इसी दौरान 2 नवंबर को लैलूंगा पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि कुछ मवेशियों को अवैध रूप से ओडिशा की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना पर TI गिरधारी साव के नेतृत्व में पुलिस टीम ने ग्राम बांधापारा के रास्ते में घेराबंदी की।
इस दौरान पुलिस ने एक युवक को मवेशियों को पैदल हांककर ले जाते हुए पकड़ा। पूछताछ में आरोपी की पहचान मनकितन यादव (19 वर्ष), निवासी ग्राम सिहारधार, थाना लैलूंगा के रूप में हुई। आरोपी मवेशियों के परिवहन से संबंधित कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। पुलिस के मुताबिक, वह गौवंश को भूखे-प्यासे और मारते-पीटते हुए ओडिशा की ओर ले जा रहा था।
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 6 गौवंश बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत 35 हजार रुपये बताई गई है। आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषि पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और 11 तथा पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। अपराध क्रमांक 339/2026 के तहत कार्रवाई करते हुए आरोपी को रिमांड पर भेज दिया गया है।
मुक्त कराए गए गौवंश के लिए पुलिस ने चारा-पानी की व्यवस्था की है। इस कार्रवाई में TI गिरधारी साव, प्रशिक्षु उप निरीक्षक शुभम मिश्रा एवं प्रीतम बघेल, सहायक उप निरीक्षक परमेश्वर नाथ, प्रधान आरक्षक जयशरण चन्द्रा सहित पुलिस टीम की अहम भूमिका रही।







