(कोरबा) मानिकपुर माइन ने लगातार 11वें वर्ष कोयला उत्पादन का लक्ष्य किया हासिल
- कोल उत्पादन का कार्य बंद रहेगा क्योंकि पर्यावरण अनुमति 52.50 लाख टन प्रति वर्ष की ही है जबकि ओबीआर निकालने का कार्य निरंतर जारी रहेगा।
कोरबा : कोरबा जिले के मानिकपुर खुले मुहाने की खदान का वित्तीय वर्ष 2024-25 में कोल उत्पादन लक्ष्य 52.50 लाख टन था जिसे एक माह पूर्व 27 फरवरी को ही हासिल कर लिया गया है, उल्लेखनीय है कि वर्ष 2014-15 से लगातार मानिकपुर माइन ने अपना कोल उत्पादन लक्ष्य को हासिल करने का रिकॉर्ड बनाया है।
महाप्रबंधक मानिकपुर एच.के. प्रधान ने सभी कर्मचारियों अधिकारियों एवं श्रमिक प्रतिनिधियों को बधाई देते हुए कहा कि ये सफलता एक टीम भावना से सभी के अथक प्रयास का ही प्रतिफल है ये यहां की कार्य संस्कृति है कि समय से पहले लक्ष्य प्राप्त कर लेते है। अब कोल उत्पादन का कार्य बंद रहेगा क्योंकि पर्यावरण अनुमति 52.50 लाख टन प्रति वर्ष की ही है, जबकि ओबीआर निकालने का कार्य निरंतर जारी रहेगा।
कोरबा क्षेत्र के महाप्रबंधक दीपक पंड्या ने पूरी मानिकपुर की टीम को समय से पूर्व लक्ष्य प्राप्त करने के लिए बधाई दी एवं बताया कि कोरबा एरिया का उत्पादन लक्ष्य 83.60 लाख टन है कोरबा एरिया ने अभी तक 70.45 लाख टन से ज्यादा कोयला का उत्पादन कर 85% लक्ष्य प्राप्त कर लिया है। मानिकपुर माइन कोरबा क्षेत्र की प्रमुख माइन है जहां से 75% कोल उत्पादन की भागीदारी है इसके अलावा सरायपाली खुली खदान भी अपने उत्पादन लक्ष्य से अधिक उत्पादन करेगी। अभी तक लगभग 15.75 लाख टन हो चुका है। इसके अलावा अंबिका खदान से भी इस वर्ष 2.50 लाख टन कोयले के उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है, अंबिका खदान में ओबीआर हटाने का काम शुरू हो रहा है और बहुत जल्द ही कोयला उत्पादन शुरू करेगी।
मानिकपुर माइन मैनेजर जे.सी. ठाकुर ने सभी श्रमिकों प्रतिनिधियों एवं कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि इस सफलता में ठेका श्रमिकों का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा है मानिकपुर में अभी तक ओबीआर 104 लाख क्यूबिक मीटर निकाला गया है।
महाप्रबंधक मानिकपुर ने इस सफलता के लिए सभी विभाग प्रमुख नरेश चौहान प्रबंधक (ई/एम), अविनाश ठाकुर माइन सुरक्षा अधिकारी, ओ.पी. सिंह इंचार्ज डिस्पैच, राहुल सक्सेना कोल इंचार्ज, सुरेश प्रसाद ओबी इंचार्ज, शक्ति कुमार सहायक प्रबंधक (कार्मिक), रविकांत शर्मा प्रबंधक (वित्त), अनुराग डेविड टोप्पो वरीय प्रबंधक (उत्खनन), एन.के. शर्मा एसओ (सिविल), एस.एस. साहू सर्वे अधिकारी सभी जेसीसी सदस्यों एवं ठेका कंपनियों के प्रति आभार व्यक्त किया।


