उत्तरी भारत समेत देशभर में इस साल गर्मी की शुरुआत से ही कोल्ड ड्रिंक, आइसक्रीम, AC और कूलर का बिजनेस ठंडा पड़ा है. इसका कारण है देशभर में हो रही बेमौसम बारिश. जिसकी वजह से लोगों ने इन चीजों से दूरी बना ली है और इनकी सेल्स में भारी गिरावट आई है. मौसम की ठंडक के चलते लोगों को इन सामानों को जरूरत नहीं पड़ी. जिसकी वजह से अब कंपनियों ने भी इन सामानों के प्रोडक्शन को कम कर दिया है.
आइसक्रीम कंपनियों के मुताबिक, ये समय उनके लिए सबसे व्यस्त समय रहता है. लेकिन, 2017 से अबतक में ये कारोबार के नजरिये से सबसे धीमा समय रहा. मार्च से मई के बीच आइसक्रीम में 38 फीसदी तक की गिरावट सेल्स में आई है. हालांकि, कंपनियों को उम्मीद है कि आने वाले समय में गर्मी बढ़ने की संभावना है. शायद तब उनकी बिक्री पर असर पड़े.
AC, कूलर का कारोबार पड़ा ठंडा
गोदरेज इलेक्ट्रॉनिक के बिजनेस हेड कमल नंदी के मुताबिक, उत्तरी भारत के ज्यादातर हिस्सों में बेमौसम बारिश के कारण यह कई सालों में सबसे खराब गर्मी रही है. गर्मियों की शुरुआत से कंपनियां एसी, कूलर का प्रोडक्शन करने में लग गई थीं. मगर, जितना उनका प्रोडक्शन था उतनी उनकी सेल्स नहीं हो सकी. हालांकि, गोदरेज इलेक्ट्रॉनिक्स के मालिक को उम्मीद है कि आने वाले समय में मांग बढ़ेगी. फ़िलहाल कंपनियां अपने प्रोडक्शन में लगभग 30% की कटौती कर रही हैं.AC की खरीद में सिर्फ मई के महीने में 35 फीसदी की गिरावट आई है.
सॉफ्ट ड्रिंक, आइसक्रीम का कारोबार भी मंदा
AC, कूलर कंपनियों पर ही बेमौसम बारिश की मार नहीं पड़ी है. बल्कि, सॉफ्ट ड्रिंक और आइसक्रीम पर भी इसका असर अच्छा खासा हुआ है. रिटेल इंटेलिजेंस प्लेटफार्म Bizom जो बाजार में कोल्ड डिंक्स और आइसक्रीम की बिक्री का डाटा मैनेज करती है. उसके डाटा के मुताबिक, मार्च से मई के बीच सॉफ्ट ड्रिंक्स की सेल्स में 25 फीसदी की गिरावट आई है.
वहीं, बात करें अगर आइसक्रीम की सेल्स की तो इसमें करीब 38 फीसदी तक गिरावट मार्च से मई के बीच रिकॉर्ड की गई है. साबुन की खरीद में भी मामूली 8 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है.


